Wednesday, July 13, 2011

आयेगा कहाँ से गांधी

      Kashish-My Poetry की प्रथम वर्षगाँठ


१३ जुलाई, २०११ को यह ब्लॉग १ वर्ष का हो गया. इस का श्रेय जाता है आप सब के सहयोग, समर्थन, स्नेह और प्रोत्साहन को.

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आपके स्नेह और प्रोत्साहन का आभारी हूँ और आशा है कि आगे भी आपका स्नेह, समर्थन और प्रोत्साहन इसी तरह मिलता रहेगा.

आज में इस ब्लॉग की पहली प्रस्तुति दुबारा पोस्ट कर रहा हूँ और आशा है कि आपको पसंद आयेगी


आयेगा कहाँ से गांधी 

हिन्दू  भी यहाँ है , मुस्लिम  भी  यहाँ है,
हर धर्म के अनुयायी की पहचान यहाँ है.
मंदिर मैं मिले हिन्दू,मस्जिद मैं मुसल्मन थे,
वह घर  मिला मुझकोइन्सान जहाँ है.


बच्चा जो हुआ पैदाहिन्दू था  मुस्लिम था,
संयोग है बस इतनाघर हिन्दू था या मुस्लिम था.
एक रंग  था माटी काबचपन  था जहाँ बीता,
यह भेद हुआ फिर कब, ये हिन्दू था वो मुस्लिम था.


तलवार या खंजर काकोई धर्म नहीं होता,
बहता है जो सडकों पर वह सिर्फ लहू होता.
हिन्दू का या मुस्लिम का,जलता है जो घर,घर है,
उठती हुई  लपटोंमैं कुछ  फर्क नहीं होता.


नफरत की इस आंधी को अब कौन सुलायेगा,
कट्टरता  की यह  होली  कब  प्रह्लाद  बुझाएगा,
क्या मज़हबी दानव को,गांधी का लहू कम था
,
आयेगा कहाँ से गांधीजब भी वह लहू मांगेगा.

46 comments:

  1. आदरणीय कैलाश शर्मा जी
    नमस्कार !
    बहुत बहुत बधाई एक वर्ष पूर्ण करने पर आपका ब्लॉग दिन दूनी रात चौगुनी तरक्की करे यही इश्वर से प्रार्थना है

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  2. ब्लॉग जगत में एक वर्ष पूर्ण करने पर आपको बहुत-बहुत बधाई !
    आपका साथ हमेशा ही मिलता रहे यही कामना है!

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  3. सबसे पहले तो ब्‍लॉग के एक वर्ष पूर्ण होने पर बहुत-बहुत बधाई ...
    और पहली प्रस्‍तुति बहुत ही अच्‍छी लगी...बेहतरीन प्रस्‍तुति के लिये आभार ।

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  4. ब्लॉग के प्रथम वर्षगाँठ की हार्दिक शुभकामना... आपकी पहली प्रस्तुति आज और अधिक प्रासंगिक हो गई है... उत्कृष्ट...

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  5. उठती हुई लपटों, मैं कुछ फर्क नहीं होता.....

    जी ये तो हम ही हैं जो इन लपटों को भी बाँट देते हैं ये हिन्दू की ....
    और ये मुसलमां की .....

    ब्लॉग के प्रथम वर्षगाँठ की शुभकामनाये .....!!

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  6. बहुत बहुत बधाई....

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  7. सबसे पहले ब्लोग के जन्मदिवस की हार्दिक बधाई और शुभकामनायें। आप इसी प्रकार निरन्तर लिखते रहे और अपनी रचनाओ से हमे लाभान्वित करते रहें

    बहुत ही सुन्दर रचना लगाई है।

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  8. बधाई हो जी ,बहुत बहुत बधाई.
    ब्लॉग जगत में आपने एक वर्ष पूरा किया
    आपके सुन्दर लेखन से धन्य हुए हम सब.
    आशा है आपका प्यार दुलार हमें हमेशा यूँ ही मिलता रहेगा.

    आपकी प्रस्तुति विचारोत्तेजक व दिल को झकझोरती है.
    बहुत बहुत आभार.

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  9. एक साल पूरे होने पर बहुत बधाई.

    ____________________
    'शब्द-शिखर' : "250 पोस्ट, 200 फालोवर्स ..."

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  10. shubhkamnayen ... blog ko uske janmdin per achha gift diya - behtareen rachna ka

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  11. शर्मा जी सब से पहले आप को बहुत बहुत बधाई इस ब्लॉग के एक वर्ष पूरा होने पर| आप का लेखन धर्म यूं ही अनवरत जारी रहे, यही शुभेच्छा है|

    इस अवसर पर मानवता को समर्पित आप की यह प्रस्तुति भी सराहनीय है| दिल से बधाई स्वीकार करें|

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  12. Congratulations !!!
    Keep writing..

    And the poem is awesome as ever..

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  13. बधाई हो......कविता बहुत अच्छी लगी....

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  14. ब्लॉग का यह एक वर्ष बहुत बहुत मुबारक हो सर.
    कविता बहुत अच्छी लगी.

    सादर

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  15. aap likhte rahe aur ham padhte rahen agle sou varshon tak , bahut bahut badhai

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  16. ब्‍लॉग के एक वर्ष पूर्ण होने पर बहुत-बहुत बधाई ...
    बेहतरीन प्रस्‍तुति के लिये आभार ।

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  17. सबसे पहले तो ब्‍लॉग के एक वर्ष पूर्ण होने पर बहुत-बहुत बधाई.
    यह कविता आज भी उतनी ही सटीक लगती है.

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  18. एक वर्ष का समय ||
    बाल रचनाएं |
    धर्म-संस्कृत राजनीति
    नीति-नियम
    करारे व्यंग
    हास्य का पुट
    अनेक विधाएं --
    और उत्प्रेरक टिप्पणियां भी
    भगवान्
    लम्बे समय तक
    आप की नई-नई रचनाओं के
    पढ़ने का सुख हमें प्रदान कर ||
    बधाई ||
    आप स्वस्थ और सानंद रहें, ईश्वर से यही प्रार्थना है ||

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  19. बहुत बधाई आपको, आप ऐसे ही लिखते रहें, हम ऐसे ही पढ़ते रहेंगे।

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  20. बधाइयाँ श्रीमान..
    धर्म गंभीर चर्चा का विषय है..मगर अंतिम सत्य भाईचारा ही होना चाहिए

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  21. नफरत की इस आंधी को अब कौन सुलायेगा,
    कट्टरता की यह होली कब प्रह्लाद बुझाएगा,
    क्या मज़हबी दानव को,गांधी का लहू कम था,
    आयेगा कहाँ से गांधी,जब भी वह लहू मांगेगा.
    ये फर्क शायद और गहरा ही होता जा रहा है /या तो हम नाकाबिल हैं या समझने को तैयार ही नहीं हैं ,जिसे समझना ही होगा मुखर काव्य एवं भाव को सम्मान /

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  22. चारो ओर फ़ैल रही नफ़रत की आग मे आपकी लेखनी सद्भाव की फ़ुहार है

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  23. prerna sayak rachna........

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  24. ब्लॉग जगत में एक वर्ष पूर्ण करने पर आपको बहुत-बहुत बधाई
    आप स्वस्थ रहें, ईश्वर से यही प्रार्थना है

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  25. sir apko dher sari badhaiyaan...blog ke janm din par...aur sundar rachna ke liye....

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  26. ब्लॉग जगत में एक वर्ष पूर्ण करने पर आपको बहुत-बहुत बधाई !
    यह सफर यूं ही चलता रहे....हार्दिक शुभकामनायें।

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  27. बहुत बहुत बधाई एक वर्ष पूर्ण करने पर आपका ब्लॉग दिन दूनी रात चौगुनी तरक्की करे यही इश्वर से प्रार्थना है.................तलवार या खंजर का, कोई धर्म नहीं होता,
    बहता है जो सडकों पर वह सिर्फ लहू होता.
    हिन्दू का या मुस्लिम का,जलता है जो घर,घर है,
    उठती हुई लपटों, मैं कुछ फर्क नहीं होता....पहली प्रस्‍तुति बहुत ही अच्‍छी लगी...बेहतरीन प्रस्‍तुति के लिये आभार ।

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  28. साल पूरा करने पर बधाई।
    समसामयिक समस्या पर लिखी यह रचना बहुत ही पसंद आई।

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  29. ब्लॉग जगत में एक वर्ष पूर्ण करने पर आपको बहुत-बहुत बधाई...
    प्रस्‍तुति बहुत ही अच्‍छी लगी...बेहतरीन प्रस्‍तुति के लिये आभार...

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  30. एक साल पूरा करने पर बधाई।पहली प्रस्‍तुति बहुत ही अच्‍छी लगी,

    विवेक जैन vivj2000.blogspot.com

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  31. ब्लॉगिंग का एक वर्ष पूर्ण होने पर आपको बहुत बधाई एवं हार्दिक शुभकामनाएँ ।

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  32. आपके ब्लाग के एक वर्ष पूर्ण होने पर बहुत-बहुत बधाइयाँ.......
    कविता भी बहुत अच्छी लगी .....

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  33. उठती हुई लपटों, मैं कुछ फर्क नहीं होता.....

    जी ये तो हम ही हैं जो इन लपटों को भी बाँट देते हैं ये हिन्दू की ....
    और ये मुसलमां की .....
    आदरणीय कैलाश शर्मा जी
    नमस्कार !
    ब्लॉग के प्रथम वर्षगाँठ की शुभकामनाये .....!!

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  34. पहली प्रस्‍तुति बहुत ही अच्‍छी लगी| आभार|
    ब्लॉग जगत में एक वर्ष पूर्ण करने पर आपको बहुत-बहुत बधाई|

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  35. साम्प्रदायिक सद्भाव से ओत-प्रोत आपकी यह कविता दरिन्दों के लिए सबक है...बहुत-बहुत बधाई

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  36. blogging ki varsgaganth par hardik shubhkamnayen.

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  37. ब्लॉग के प्रथम वर्षगाँठ पर आपको बहुत-बहुत बधाई...
    आप लिखते तो बेहतरीन हैं ही.

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  38. Congratulations on completing one successful year and best wishes for the coming several decades.

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  39. ब्लॉग के एक वर्ष पूरे होने पर आपको हार्दिक बधाइयाँ एवं शुभकामनायें ! बहुत ख़ूबसूरत रचना! शानदार प्रस्तुती!

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  40. आदरणीय, ब्लॉग की वर्षगाँठ पर हार्दिक बधाई - भारतवर्ष को जिसकी आज सख्त जरुरत वही सन्देश देती कविता पढवाने के लिए आभार

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  41. aap ko blog ki vashganth ki bahut abhut badhai ho

    तलवार या खंजर का, कोई धर्म नहीं होता,
    बहता है जो सडकों पर वह सिर्फ लहू होता.
    हिन्दू का या मुस्लिम का,जलता है जो घर,घर है,
    उठती हुई लपटों, मैं कुछ फर्क नहीं होता.

    ye kavita mene nahi padhi thi aaj aapne yahan dal kar bahut achchha kiya bahut sunder kavita hai bahut bahut badhai
    rachana

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  42. कैलाश जी ,
    नमस्कार,
    आपके ब्लॉग को http://cityjalalabad.blogspot.com/p/blog-page_7265.html के "सिटी जलालाबाद डाट ब्लॉगपोस्ट डाट काम" के "हिंदी ब्लॉग लिस्ट पेज" पर लिंक किया जा रहा है|

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  43. ब्लॉग के एक वर्ष पूरे होने पर हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं।
    आपकी लेखनी अबाध चलती रहे।

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  44. वाकई भाई जी !
    यहाँ हर कौम मिलती है मगर इंसान नज़र ही नहीं आते ...
    दिल को छूती बहुत प्यारी रचना...
    आपको पढना अच्छा लगता है ...हार्दिक शुभकामनायें !

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